अम्बिकापुर 25 अक्टूबर 2020/ इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के निर्देशक विस्तार सेवाएं डॉ. एस.सी. मुखर्जी के द्वारा कृषि विज्ञान केन्द्र अम्बिकापुर एवं कृषक प्रक्षेत्र के साथ-साथ माडल गौठान केशवपुर का भ्रमण किया गया। इस दौरान उन्होंने केन्द्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ रविन्द्र तिग्गा से केन्द्र द्वारा जिले के किसानों के लिए किए जा रहे कार्य एवं गोधन न्याय योजना को सफल बनाने के लिए गोठान में किए जा रहे कृषि विज्ञान केन्द्र की गतिविधियों की जानकारी ली तथा सुझाव दिया कि किसानों को कृषि में आने वाले समस्याओं का त्वरित निदान हेतु प्रयास हो तथा कम लागत और कम समय वाली तकनीक से केंचुआ खाद उत्पादन पर शोध करें ताकि गोठानों में केंचुआ खाद उत्पादन को गति दिया जा सके। गोधन न्याय योजना को सफल बनाने हेतु कृषि विज्ञान केन्द्र में केंचुआ उत्पादन हब बनाने एवं जिले में केंचुआ की अपूर्ति हेतु वैज्ञानिकों की सराहना की। केन्द्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. रविन्द्र तिग्गा ने केन्द्र द्वारा क्रियान्वित बीजोत्पादन कार्यक्रम समूह, अग्र पंक्ति प्रदर्शन, पोषण बाडी विकास, फल आधारित फसल पद्धति, समन्वित कृषि प्रणाली एवं धान के मेंड में सब्जी उत्पादन तकनीक आदि से अवगत कराया। तत्पश्चात डॉ. मुखर्जी ने केशवपुर के आंगनबाडी का दौरा किया जहां केन्द्र के तकनीकी मार्गदर्शन में पोषण बाड़ी का कार्य किया। आंगनबाडी के संचालिका के द्वारा निर्देशक को केन्द्र के माध्यम से उपलब्ध कराए गए सामाग्रियों के साथ-साथ तकनीकी मार्गदर्शन के बारे में भी बताया गया। डॉ. मुखर्जी ने केशवपुर के आदर्श गौठान का भ्रमण कर वहां कार्यरत् महिला स्व सहायता समूह द्वारा किये जा रहे बटेर पालन, केंचुआ खाद उत्पादन ईकाइ के साथ-साथ चारा, सब्जी उत्पादन और मधुमक्खी पालन इकाई का अवलोकन किया और समूह द्वारा किए जा रहे कार्यो की सराहना की। उन्होंने केन्द्र के विज्ञानिकों को वार्षिक कैलेण्डर तैयार करने के निर्देश दिए ताकि महिलाओं को निरंतर आमदनी एवं आय मिलते रहे। निदेशक द्वारा कमलपुर ग्राम का भी भ्रमण किया गया सबसे पहले उन्होंने कृषि छात्रों से चर्चा की एवं खेती से जुडे कुछ महत्वपूर्ण बाते भी बतायी। छात्र महेन्द्र राजवाडे़ तथा अन्य साथियों द्वारा तैयार आयस्टर मशरूम इकाई के साथ-साथ बकरी इकाई का भी अवलोकन किया और इनकी प्रशंसा की। कमलपुर ग्राम में सेवानिवृत श्री राजेन्द्र प्रसाद गुप्ता के प्रक्षेत्र का भ्रमण किया जहां केन्द्र के तकनीकी मार्गदर्शन से केंचुआ एवं केंचुआ खाद उत्पादन इकाई का निर्माण किया गया है। श्री राजेन्द्र प्रसाद गुप्ता केन्द्र के ही तकनीकी मार्गदर्श में गिर नस्ल की विशुद्ध प्रजाति की डेयरी चलाते हैं और इनके दुध से तैयार घी का प्रसंस्करण कर मार्केटिंग भी कर रहे हैं। भ्रमण के दौरान केन्द्र के वैज्ञानिकगण डॉ. एस आर दुबोलिया, श्री राजेश चौकसे, डॉ. अभय कुमार, श्री सचिन वर्मा, श्री वीरेन्द्र तिग्गा एवं श्री अमित यादव उपस्थित थे।






