????????????????????????????????????

अम्बिकापुर 15 अक्टूबर 2020/ छत्तीसगढ़ शासन के पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री टीएस सिंहदेव ने आज उदयपुर विकासखण्ड के वनांचल ग्राम सायर में आयोजित वनाधिकार पत्र वितरण कार्यक्रम में ग्रामीणों की समस्याओं सुनी तथा निराकरण का भरोसा दिलाया। इस दौरान 62 किसानों को सरसों बीज तथा 105 वनवासियों को वनाधिकार पत्र वितरित किया गया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री श्री सिंहदेव ने कहा कि हाथियों के रहवास के लिए बनाए जा रहे लेमरू प्रोजेक्ट के लिए जमीन अधिग्रहण के लिए ग्रामीणों की सहमति सर्वोपरि होगी। बिना ग्रामीणों की सहमति से जमीन का अधिग्रहण नहीं होगा। ग्रामीण किसी के दबाव में न आएं अपने विवेक के आधार पर ग्राम सभा के प्रस्ताव पर हस्ताक्षर करें। आप लोगों के राय के साथ मैं खड़ा हूँ। उन्होंने वन विभाग के अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि बिना पंचायत विभाग के सहमति से ग्राम सभा का आयोजन न किया जाए।
मंत्री श्री सिंहदेव ने कहा कि कोरोना काल में शासन के निर्देशों के तहत नियमों का पालन के चलते ग्रामीणों से प्रत्यक्ष मुलाकात नहीं हो पा रही थी। इसलिए क्षेत्र का भ्रमण नहीं कर पा रहा था लेकिन मोबाईल के जरिए वीडियो कॉलिंग के द्वारा लगातार सम्पर्क में रहा हूं, जो भी समस्याएं होंगे उसे स्थानीय जनप्रतिनिधियों को अवगत कराकर मुझ तक पहुंचा सकते हैं। आप लोगों की समस्याओं का यथासंभव निराकरण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि अब तक वनाधिकार पत्र से वंचित पात्र वन निवासियों की ग्रामवार सूची तैयार कर एसडीएम कार्यालय को प्रेषित करें ताकि पात्र वनवासियों को वनाधिकार पत्र प्रदान करने की कार्यवाही एक साथ किया जा सके। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को वनाधिकार पत्र एवं राशन कार्ड बनाने के लिए कैम्प लगान के निर्देश दिए।
स्कूल शिक्षा मंत्री डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम ने कहा कोरोना काल में भी हमारी सरकार मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल के नेतृत्व में क्षेत्र की जनता को विकास कार्यों की सौगात दे रही है। खाद्यान्न से लेकर ईलाज के लिए भी राज्य शासन गरीबों की सहायता कर रही है। इसी प्रकार वन क्षेत्रों में लघु वनोपज के संग्रहण के कार्य लगातार जारी रहा जिसके कारण वनवासियों को कोरोना काल में भी राशि कमी नहीं हुई। छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य है जहां समर्थन मूल्य में धान की खरीदी के एवं बोनस की राशि से सबसे अधिक कीमत पर खरीद रही है। तेन्दुपत्ता का दर बढाकर 4 हजार रूपए प्रति मानक बोरा कर दिया गया है। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ सर्वाधिक वनाधिकार पत्र देने वाला राज्य बन गया है। स्कूली बच्चों को शिक्षा से जोड़े रखने के लिए ऑनलाइन क्लास के साथ मोहल्ला क्लास का भी आयोजन किया जा रहा है।  
इस दौरान छत्तीसगढ़ जिला पंचायत के उपाध्यक्ष श्री राकेश गुप्ता, जनपद पंचायत उदयपुर के अध्यक्ष श्रीमती भोजवंती सिंह, जिला पंचायत सदस्य श्री राजनाथ सिंह, श्रीमती राधा रवि, एसडीएम श्री प्रदीप साहू सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी, कर्मचारी एवं ग्रामीण उपस्थित थे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here